किसी के इतने पास न जा

मंगलवार, 8 नवंबर 2016

गोबर भी है बड़े काम की चीज.....

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गाय के गोबर से बना डाला मकान हरियाणा (रोहतक) : वर्तमान में बन रहे मकान गर्मी में तपते हैं तो सर्दी में सिकुड़ने को मजबूर कर देते हैं। इ...
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रविवार, 9 अक्टूबर 2016

शव का मांस गिद्धों को खिलाकर किया जाता है अंतिम संस्कार!

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जानिये कहाँ और क्यों ? हर धर्म में इंसान के मौत के बाद अलग अलग विधि विधान से अंतिम संस्कार किया जाता है. लेकिन इस दुनिया में कुछ ऐ...
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शनिवार, 1 अक्टूबर 2016

उग्रवाद ने नाप देख ली....कवि कमल 'आग्नेय'

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पीओके में सीमा पार जाकर सेना की साहसिक कार्रवाही पर  कवि कमल आग्नेय की रचना- राष्ट्रद्रोह के रावण की सांसो का घोडा ठहर गया सरहद ...
शुक्रवार, 23 सितंबर 2016

उस समय तो ‘पाकिस्तान’ था ही नहीं

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एक बार संयुक्त राष्ट्र में कश्मीर को ले कर चर्चा चल रही थी। एक भारतीय प्रवक्ता बोलने के लिए खड़ा हुआ, अपना पक्ष रखने से पहले उसने ऋषि...
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शुक्रवार, 16 सितंबर 2016

बहन का स्नेह मिलना खुशनसीबी है....कृष्ण मोहन सिंह

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एक छोटा-सा पहाड़ी गांव था। वहां एक किसान, उसकी पत्नी, एक बेटा और एक बेटी रहते थे। एक दिन बेटी की इच्छा स्कार्फ खरीदने की हुई और उसने पि...
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गुरुवार, 8 सितंबर 2016

संगठित कार्य हमेशा व्यक्तिगत प्रदर्शन से बेहतर होता है

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आपने कछुए और खरगोश की कहानी ज़रूर सुनी होगी,  उसे फिर से दोहराता हूँ एक बार खरगोश को अपनी तेज चाल पर घमंड हो गया और वो जो मिलता...
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शनिवार, 3 सितंबर 2016

जिह्वा का वर्चस्व रहेगा.........हरि जोशी

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पंक्तिबद्ध और एकजुट रहने के कारण दाँत बहुत दुस्साहसी हो गए थे।  एक दिन वे गर्व में चूर होकर जिह्वा से बोले "हम बत्तीस घनिष्ट ...
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कुछ खास नहीं....पढ़ता हूँ...पंसदीदा रचनाओं को यहां सहेज लेता हूँ.....

  • Digvijay Agrawal
  • yashoda Agrawal
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